जिला पुलिस कंट्रोल रूम में अपराध समीक्षा बैठक का आयोजन,साथ ही देवास पुलिस रिपोर्ट कार्ड – माह अगस्त 2026

रघुनंदन समाधिया : प्रधान संपादक : मां भगवती टाइम्स 

 


• *अगस्त माह की अपराध समीक्षा बैठक आयोजित की गई* । 

• *अगस्त माह में प्रदर्शन के आधार पर थानों की रैंकिंग की गई जारी । अगस्त माह में थाना खातेगांव को प्रथम स्थान प्राप्त करने पर किया गया पुरस्कृत,अनुभाग कन्नौद को माह अगस्त में प्रथम स्थान प्राप्त करने पर किया गया पुरस्कृत* । 

• *अगस्त माह में प्रथम स्थान प्राप्त करने पर थाना प्रभारी खातेगांव निरीक्षक श्री दिलीप पुरी एवं तत्कालीन थाना प्रभारी खातेगांव श्री विजय सिंह लोधी को पुरस्कृत किया गया* । 

• *प्रथम अनुभाग के रूप में अनुविभागीय अधिकारी (पुलिस) कन्नौद श्री आदित्य तिवारी को पुरस्कृत किया गया* । 

• *अगस्त माह में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने पर उपनिरीक्षक राहुल परमार एवं महिला आरक्षक 1052 निशा पाटोरिया को दिया गया देवास पुलिस का सर्वश्रैष्ठ पुलिसकर्मी पुरस्कार* । 

 पुलिस अधीक्षक श्री पुनीत गेहलोद के द्वारा आज दिनांक 12.09.2026 को पुलिस कंट्रोल रूम में अपराध समीक्षा बैठक का आयोजन किया गया । बैठक में अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक (शहर) श्री गजेन्द्र सिंह वर्धमान,अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक (ग्रामीण) श्रीमती सौम्या जैन, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक (यातायात) श्री एच.एन.बाथम,परिवीक्षाधीन भा.पु.से. श्री आलोक वर्मा एवं समस्त एसडीओपी,समस्त थाना/चौकी के प्रभारी एवं पुलिस अधीक्षक कार्यालय की शाखाओं के प्रभारी मौजूद रहे ।   

पुलिस अधीक्षक के द्वारा अपराध समीक्षा बैठक में निम्न बिंदूओ के संबंध में आवश्यक दिशा निर्देश दिये गये - 

अपराध समीक्षा बैठक मे पुलिस अधीक्षक श्री पुनीत गेहलोद द्वारा थाने पर आने वाले प्रत्येक फरियादी की शिकायतों को गंभीरतापुर्वक सुनकर उचित कार्यवाही के निर्देश दिये गये है । 

थानों पर लगे QR CODE को ज्यादा से ज्यादा जनता द्वारा उपयोग बढाने के निर्देश दिये गये ताकि फीडबैक प्रभावी रहे । 

चोरी की वारदातों को गंभीरतापूर्वक लेते हुये रात्री गश्त व्यवस्था एवं नाकाबंदी प्रभावी पुख्ता करने के निर्देश दिये गये ।  

FIR से लेकर विवेचना,चालान,प्रगती और ट्रायल के दौरान समंस वारंट की तामिली एवं तकनीकी का सर्वाधिक उपयोग पर जोर दिया जाये ताकि फरियादियों को त्वरित न्याय प्रदान किया जा सके । 

जुआ,सट्टा,शराब एवं अवैध गतिविधियों पर जीरो टोलरेंस और पुलिस मुखबिर को सशक्त बनाने क लिये किसी भी स्थिति मे पुलिस का दुर्व्यवहार एवं अवैधानिक गतिविधियों को बर्दाश्त नही किये जाने के स्पष्ट निर्देश दिये गये है । 

संपूर्ण जिला पुलिस की कार्य प्रणाली निष्ठापूर्ण,पारदर्शी,समयबद्ध और पीडित उन्मुखी बनाने हेतु निर्देशित किया गया है । 

प्रतिदिन पुलिस चौपाल के माध्यम से ऑपरेशन त्रिनेत्रम मे अधिक से अधिक कैमरै लगवाने के लिये जनता को अभिप्रेरित किया एवं ऑपरेशन सायबर के तहत डायल-1930 के व्यापक प्रचार-प्रसार हेतु निर्देशित किया गया है । 

आगामी त्योहारों के दौरान आम जनता को आपराधिक तत्वों से बचाने हेतु ऑपरेशन पवित्र के तहत अधिक से अधिक बॉण्डओवर कराने हेतु निर्देशित किया गया है । 

• आगामी त्योहारों को दृष्टिगत रखते हुए जिले के समस्त थाना क्षेत्रों में विशेष सतर्कता बरतने, संवेदनशील एवं भीड़भाड़ वाले स्थानों पर प्रभावी पुलिस उपस्थिति, नियमित पेट्रोलिंग तथा असामाजिक तत्वों की गतिविधियों पर सतत निगरानी रखने के निर्देश दिये गये।

• आगामी गणेश उत्सव की तैयारियों के संबंध में गणेश पंडालों, विसर्जन स्थलों एवं चल समारोह मार्गों का पूर्व निरीक्षण करने, आयोजकों से समन्वय स्थापित करने तथा यातायात, सुरक्षा, विद्युत एवं भीड़ प्रबंधन की प्रभावी व्यवस्था सुनिश्चित करने हेतु निर्देशित किया गया।

• आगामी दुर्गा पूजा एवं नवरात्रि को दृष्टिगत रखते हुए दुर्गा पंडालों, गरबा स्थलों एवं प्रमुख धार्मिक आयोजनों के स्थानों का सुरक्षा ऑडिट करने, आयोजन समितियों के साथ बैठक आयोजित करने तथा महिलाओं एवं बालिकाओं की सुरक्षा, यातायात व्यवस्था और पर्याप्त पुलिस बल की तैनाती हेतु आवश्यक तैयारियां समयपूर्व पूर्ण करने के निर्देश दिये गये।

 

*अपराध समीक्षा बैठक में समस्त थानों का 25 पैरामीटर के आधार पर अगस्त माह में आंकलन किया गया । माह अगस्त की रैंकिंग जारी की गई जो कि इस प्रकार हैः-* 

01.खातेगांव 

02.उदयनगर 

03.सतवास 

04.कोतवाली 

05.औद्योगिक क्षेत्र 

06.कमलापुर 

07.कन्नौद  

08.हाटपीपल्या  

09.भौरांसा 

10.बरोठा 

11.बागली  

12.नेमावर 

13.नाहर दरवाजा 

14.हरणगांव 

15.पीपलरावां 

16.बैंक नोट प्रेस 

17.कांटाफोड़ 

18.सोनकच्छ 

19.टोंकखुर्द  

20.सिविल लाईन 

21.विजयागंज मण्डी 

*इसी प्रकार माह अगस्त की अनुभागवार रैंकिंग जारी की गई जो कि इस प्रकार है-* 

01.अनुविभागीय अधिकारी (पुलिस) कन्नौद ने प्रथम स्थान प्राप्त किया । 

02.अनुविभागीय अधिकारी (पुलिस) बागली । 

03.नगर पुलिस अधीक्षक देवास । 

04.अनुविभागीय अधिकारी (पुलिस) सोनकच्छ । 

05.उप पुलिस अधीक्षक (एल/आर) ।  

               माह अगस्त में प्रथम स्थान प्राप्त करने पर थाना प्रभारी खातेगांव श्री दिलीप पुरी एवं तत्कालीन थाना प्रभारी खातेगांव श्री विजय सिंह लोधी को पुरस्कृत किया गया एवं समस्त स्टाफ को बधाई दी गई । अगस्त माह में प्रथम स्थान प्राप्त करने पर अनुविभागीय अधिकारी (पुलिस) कन्नौद देवास श्री आदित्य तिवारी को पुरस्कृत किया गया एवं पुरे अनुभाग के पुलिस कर्मियों को बधाई दी गई । 

      इसी प्रकार सर्वश्रेष्ठ पुलिसकर्मी पुरस्कार के रुप में माह अगस्त में उनि राहुल परमार एवं महिला आरक्षक 1052 निशा पाटोरिया द्वारा ₹63 लाख के डिजिटल अरेस्ट फ्रॉड में बैंकिंग ट्रांजेक्शन, मोबाइल डेटा, CCTV एवं तकनीकी साक्ष्यों का सूक्ष्म विश्लेषण कर अंतरराज्यीय साइबर नेटवर्क का पर्दाफाश किया गया। उनके उत्कृष्ट तकनीकी विश्लेषण से देवास पुलिस ने 127 दिनों में 17 राज्यों के 33 जिलों में कार्रवाई कर 12 साइबर ठगों को गिरफ्तार एवं ₹54.84 लाख बरामद किए। इस सराहनीय योगदान हेतु उन्हें अगस्त 2026 के “सर्वश्रेष्ठ पुलिसकर्मी”पुरस्कार से सम्मानित किया जाता है। 

रैंकिंग की यह प्रणाली आगामी माह में भी जारी रहेगी ।  

       *सभा के अंत में पुलिस अधीक्षक द्वारा अच्छा कार्य करने वाले पुलिस अधिकारी/ कर्मचारियों की प्रशंसा की गई एवं कार्य को इसी प्रकार और अधिक गुणवत्ता के साथ एवं समयावधि में करने हेतु प्रेरित कर अपराध समीक्षा बैठक का समापन किया ।


देवास पुलिस रिपोर्ट कार्ड – माह अगस्त 2026



पुलिस अधीक्षक श्री पुनीत गेहलोद के निर्देशन में देवास पुलिस द्वारा 360-डिग्री पुलिसिंग के अंतर्गत माह-अगस्त 2026 मे अलग-अलग आयामों में निम्नांकित कार्यवाही की गई-


*“ऑपरेशन प्रहार”*

              जुआ-सट्टा-अवैध शराब एवं मादक पदार्थों के संगठित गिरोह पर अंकुश लगाने हेतु जारी ज़िला पुलिस के इस अभियान के अंतर्गत अगस्त माह में 02 स्थान पर दबिश देकर कुल 71.347 किलोग्राम गाँजा क़ीमती ₹ 71,850 जप्त किया गया एवं 07 आरोपी को गिरफ़्तार किया गया है । 03 को सतत पुलिस निगरानी में रखने हेतु उनकी हिस्ट्रीशीट प्रारंभ की गई है, 03 के विरुद्ध प्रतिबंधात्मक कार्यवाही कर कुल ₹ 1,50,000/- की राशि से फाइनल बॉण्ड ओवर करवाया गया है ।


*अवैध शराब* के विरूद्ध कार्यवाही करते हुए कुल 374 प्रकरणों में 375 आरोपियों को गिरफ्तार कर कुल 1795 लीटर शराब कीमती ₹ 4,58,168/- रूपये जप्त की गई है । अवैध शराब के आदतन अपराधियों पर 360 डिग्री प्रहार करते हुवे 01 अपराधियों को चिन्हित कर उनके विरुद्ध ज़िला बदर की कार्यवाही प्रस्तावित की गई है, 01 को सतत पुलिस निगरानी में रखने हेतु उनकी हिस्ट्रीशीट प्रारंभ की गई है, 24 के विरुद्ध प्रतिबंधात्मक कार्यवाही कर कुल ₹ 19,00,000/- की राशि से फाइनल बॉण्ड ओवर करवाया गया है । 


*अवैध शस्त्र* के विरूद्ध शिकंजा कसते हुए 23 प्रकरणों में 23 आरोपियों को गिरफ्तार कर 04 अवैध शस्त्र (फायर आर्म्स) एवं 19 धारदार हथियार जप्त कर कार्यवाही की गई है । अवैध शस्त्र के आदतन अपराधियों पर 360 डिग्री प्रहार करते हुवे 01 अपराधियों को चिन्हित कर उनके विरुद्ध ज़िला बदर की कार्यवाही प्रस्तावित की गई है, 01 के विरुद्ध प्रतिबंधात्मक कार्यवाही कर कुल ₹ 50,000/- की राशि से फाइनल बॉण्ड ओवर करवाया गया है । 


*अवैध जुआ* के विरुद्ध कार्यवाही करते हुवे कुल 31 प्रकरण में 113 आरोपियों के विरुद्ध कार्यवाही कर ₹ 69,960/- की राशि जप्त की गई है । 14 आरोपियो के विरुद्ध प्रतिबंधात्मक कार्यवाही कर कुल ₹ 14,00,000/- की राशि से फाइनल बॉण्ड ओवर करवाया गया है । 


*अवैध सट्टा* के विरुद्ध कार्यवाही करते हुवे कुल 46 प्रकरण में 46 आरोपियों के विरुद्ध कार्यवाही कर  ₹ 14,995/- की राशि जप्त की गई है, 01 के विरुद्ध प्रतिबंधात्मक कार्यवाही कर कुल ₹ 1,00,000/- की राशि से फाइनल बॉण्ड ओवर करवाया गया है । 


*“ऑपरेशन हवालात”* 

लंबे समय से पुलिस गिरफ़्त से दूर चल रहे वारंटियों की आसूचना संकलन एवं तकनीकी साक्ष्यों की मदद से धर-पकड़ हेतु जारी ज़िला पुलिस के उक्त अभियान अंतर्गत माह अगस्त 2026 में ₹ 3,000/- के ईनामी 164 वारंटियो को पकड़कर जेल भेजा गया है ।


*“ऑपरेशन मुस्कान”* 

          लंबे समय से गुम चल रहे नाबालिग बालक/बालिकाओं को ढूँढ कर परिजनों के चेहरे पर मुस्कान लौटने हेतु जारी इस अभियान के अंतर्गत ज़िला पुलिस द्वारा कुल *22 बालक/बालिकाओं* का दीगर प्रांत जैसे महाराष्ट्र,गुजरात,राजस्थान,बिहार सहित प्रदेश के अन्य जिलों से पता लगाकर उन्हें पुनः अपने परिजनों को सकुशल सुपुर्द किया है ।


*“ऑपरेशन पवित्र”* 

           इस अभियान के तहत ज़िला पुलिस द्वारा आदतन अपराधियों पर नकेल कसने हेतु उन्हें दोबारा अपराध घटित करने से रोकने हेतु , उन्हें सीधे रास्ते पर चलने की सख़्त हिदायत देते हुवे आम जनता में उनके प्रभुत्व को तोड़ने हेतु बीएनएसएस के प्रावधानों के तहत फाइनल बॉण्ड ओवर करवाने हेतु कार्यपालक मजिस्ट्रेट न्यायालय से समन्वय स्थापित किया जा रहा है । इस अभियान के तहत माह अगस्त में कुल 345 अनावेदकों के विरूद्ध धारा BNSS के प्रतिबंधात्मक प्रावधानों के तहत कार्यवाही की जाकर लगभग ₹ 2,08,45,000/- की राशि से फाइनल बाउण्ड ओवर करवाया गया है ।

             बॉण्ड अवधि में दोबारा अपराध घटित कर बॉण्ड शर्तों का उल्लंघन करने पर बॉण्ड राशि जप्त करने हेतु कुल 25 अपराधियों के विरुद्ध 141 बीएनएसएस के अंतर्गत कार्यवाही प्रस्तावित की गई है । माह अगस्त में जिले में कुल 03 प्रकरणों में 141 बीएनएसएस के माननीय न्यायालय से निर्णय प्राप्त किए गए,जिसमें कुल ₹ 30,000/- की राशि वसूली गई ।

             आदतन अपराधियों पर 360-डिग्री प्रहार हेतु माह अगस्त 2026 में “ऑपरेशन पवित्र” के अन्तर्गत कुल 09 अनावेदकों के विरुद्ध जिलाबदर प्रकरण प्रस्तुत किये गये है । 


*“ऑपरेशन सायबर”*

              ज़िलेवासियों को साइबर अपराधों के दुश्चक्र से निजात दिलाने हेतु प्रत्येक थाने पर दो-दो  “साइबर मित्र” प्रशिक्षित कर पदस्थापित किए गए हैं,प्रतिदिन पुलिस चौपाल के माध्यम से साइबर फ्रॉड से बचाव एवं फ्रॉड हो जाने पर तत्काल डायल 100/1930 पर कॉल करने हेतु जनता को जागरूक किया जा रहा है । इस अभियान के अंतर्गत माह अगस्त में कुल 148 साइबर फ्रॉड शिकायतें प्राप्त हुई है,जिनमे कुल 82 शिकायतों में ज़िला पुलिस द्वारा राशि होल्ड करवाई जाकर कुल 55% सफलता हासिल की है । थानों पर पदस्थ साइबर मित्रों ने ज़िला साइबर सेल के समन्वय से त्वरित कार्यवाही कर कुल ₹ 3,22,113/- की ठगी गई राशि पुनःपीड़ितों के खाते में लौटाई गई है एवं विभिन्न शिकायतों में लगभग ₹ 15,98,151/- रूपये की राशि को होल्ड करवाने में सफलता प्राप्त की है जिसे जल्द ही न्यायालयीन आदेश प्राप्त कर पीड़ितों के खातों में लौटाया जाएगा । 


*“ऑपरेशन बेल टु जेल”*

               गंभीर अपराधों में माननीय न्यायालय से शर्तों के अधीन जमानत पर रिहा होने वाले अपराधियों द्वारा दोबारा अपराध घटित कर जमानत शर्तों का उल्लंघन करने पर तत्काल जमानत निरस्तीकरण की कार्यवाही प्रस्तावित करते हुए दोबारा जेल भेजने हेतु इस अभियान की शुरुआत ज़िला पुलिस द्वारा की गई है । अगस्त माह में ऐसे क़रीब 09 कुख्यात अपराधियों को चिन्हित कर उनके विरुद्ध जमानत निरस्तीकरण की कार्यवाही संस्थित की जा चुकी है । 


*“ऑपरेशन त्रिनेत्रम”*

                ज़िले में अपराधों की रोकथाम एवं अपराध घटित होने पर उनके त्वरित डिटेक्शन हेतु अधिक से अधिक सीसीटीवी कैमरा स्थापित करवाने हेतु उक्त अभियान की शुरुआत की गई है । इस अभियान के अंतर्गत ज़िला पुलिस प्रतिदिन पुलिस चौपाल के माध्यम से आम जनता को अधिक से अधिक सीसीटीवी कैमरा लगाने हेतु प्रेरित कर रही है एवं कैमरा लगाने वाले लोगों को सम्मानित भी कर रही है । माह अगस्त में उक्त अभियान के अंतर्गत संपूर्ण ज़िले में कुल *216 सीसीटीव्ही कैमरे* लगवाये जा चुके है । 


*“ऑपरेशन संकल्प”* 

                 पुलिस विवेचना के स्तर को सुधार कर उसे पेशेवर एवं वैज्ञानिक बनाने तथा उत्कृष्ट विवेचना के द्वारा अपराधियों को न्यायालय से दंडित करवाने हेतु ज़िला पुलिस के द्वारा उक्त अभियान की शुरुआत की गई है । जिसके अंतर्गत माह अगस्त में हत्या के 02, हत्या के प्रयास संबंधी 02, बलात्संग के 09, छेड़खानी के 06 एवं मारपीट के 02 प्रकरणों में न्यायालय से कठोर दण्ड दिलवाकर पीड़ितों को न्याय दिलवाया गया हैं । उत्कृष्ट विवेचना द्वारा न्यायालय से दंडित करवाने पर स्वयं पुलिस कप्तान के द्वारा विवेचक सहित अभियोजक,कोर्ट मोहर्रिर,कोर्ट/वारंट मुंशी को तत्काल पुरस्कृत कर उनका उत्साहवर्धन भी किया जा रहा है ।


*“पुलिस चौपाल”*

                पुलिसिंग को जनता के द्वार तक ले जाने हेतु,जन समस्याओं को स्थानीय गली-मोहल्लों-वार्ड-गाँव-कस्बों में स्वयं पहुँचकर जानने एवं त्वरित निराकरण हेतु ज़िला पुलिस द्वारा संपूर्ण ज़िले में प्रतिदिन पुलिस चौपाल का आयोजन प्रारंभ किया गया है । माह अगस्त में इस अभियान के तहत कुल *490 चौपाल* लगाई जाकर कुल *34300 आमजनों* से प्रत्यक्ष संवाद स्थापित किया गया है ।


*“प्रभावी ज़िला गश्त व्यवस्था”*

                 ज़िला पुलिस द्वारा सुरक्षा व्यवस्था को पुख़्ता बनाने हेतु रात्रि ज़िला गश्त व्यवस्था को प्रभावी बनाया गया है । एसडीओपी स्तर के अधिकारी प्रतिदिन रात्रि गश्त हेतु संपूर्ण ज़िले के प्रभारी के रूप में मुस्तैदी से ड्यूटी कर रहे हैं , प्रत्येक अनुभाग में निरीक्षक स्तर के अधिकारी को प्रभारी अधिकारी नियुक्त किया गया है । इसी प्रकार प्रभात गश्त के दौरान भी प्रत्येक अनुभाग में निरीक्षक स्तर के अधिकारी को नियुक्त किया गया है ।


*“प्रभावी जन सुनवाई”*

                  प्रत्येक मंगलवार को ज़िला मुख्यालय पर आयोजित होने वाली जन-सुनवाई को और अधिक प्रभावी बनाने हेतु अब ज़िले के सभी एडिशनल एसपी एवं एसडीओपी स्वयं पुलिस अधीक्षक के साथ प्रत्येक जन सुनवाई में ज़िला कंट्रोल रूम में उपस्थित होकर प्रत्यक्ष में जन सुनवाई कर रहे हैं । जन सुनवाई को समयबद्ध बनाने हेतु प्रत्येक शिकायत का 07 दिवस में निराकरण करने पर बल दिया जा रहा है एवं अगली जन सुनवाई के समय पूर्व जन-सुनवाई की शिकायतों की समीक्षा भी वरिष्ठ स्तर पर की जा रही है ।


*“सम्पत्ति संबंधी अपराधों में कार्यवाही”*

                    चोरी लूट डकैती नकबजनी से ज़िलेवासियों को राहत प्रदान करने हेतु संपत्ति संबंधी अपराधों की रोकथाम और डिटेक्शन पर ज़िला पुलिस द्वारा समानांतर रूप से कार्य किया जा रहा है । माह अगस्त में कुल 57 अपराधों में अज्ञात आरोपियों की पहचान कर उन्हें गिरफ़्तार करते हुवे लगभग ₹ 56,71,500/- की चोरी गई संपत्ति बरामद की गई है एवं 28 शातिर चोर/लुटेरों को गिरफ़्तार कर जेल भेजा गया है ।


*“जेल रिहाई मॉनिटरिंग व्यवस्था”* 

                    अक्सर आदतन अपराधी जेल से रिहा होते ही पुनः अपराध घटित करते हैं जिसकी रोकथाम हेतु ज़िला पुलिस द्वारा जेल रिहाई मॉनिटरिंग व्यवस्था लागू की गई है । इसके अंतर्गत प्रतिदिन जेल से रिहा होने वाले बदमाशों पर पुलिस की पैनी नज़र सुनिश्चित की जा रही है । रिहाई के तत्काल बाद उनके विस्तृत डोसियर भरे जाकर उन्हें दोबारा अपराध घटित नहीं करने की सख़्त हिदायत दी जा रही है एवं चिन्हित अपराधियों पर प्रतिबंधात्मक कार्यवाही भी की जा रही है । माह अगस्त में *441 अपराधियों* की जेल से रिहाई हुई है जिनके विस्तृत डोसियर ज़िला पुलिस द्वारा बनाये गये हैं ।


*“अवैध गौवंश संबंधी गतिविधियों पर अंकुश”*

       देवास पुलिस द्वारा अवैध रूप से गौवंश का परिवहन करने , गौ-मांस का संग्रहण-परिवहन करने एवं अवैध गौवध में संलग्न आरोपियों के विरुद्ध विशेष अभियान के तहत कार्यवाही लगातार की जा रही है ।

उक्त अनुक्रम में माह अगस्त में 06 प्रकरण दर्ज किए जाकर 19 गौवंश को मुक्त कराया गया है, 08 आरोपियों को गिरफ़्तार कर जेल भेजा गया है एवं 28 लाख की राशि का 06 वाहन को जप्त किया जाकर राजसात की कार्यवाही प्रस्तावित की गई है । 03 के विरुद्ध प्रतिबंधात्मक कार्यवाही कर कुल ₹ 1,50,000/- की राशि से फाइनल बॉण्ड ओवर करवाया गया है । 


पुलिस अधीक्षक देवास श्री पुनीत गेहलोद ने उक्त उल्लेखनीय कार्यो के लिए अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक (शहर) श्री गजेन्द्र सिंह वर्धमान,अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक (ग्रामीण) श्रीमती सौम्या जैन,अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक (यातायात) श्री हरनारायण बाथम के कुशल नेतृत्व एवं समस्त एसडीपीओ-थाना प्रभारीगणों की मेहनत तथा जिले के समस्त पुलिस अधिकारी/कर्मचारियों के अथक परिश्रम की सराहना करते हुए आगामी दिनों में भी इसी लगन के साथ कार्यरत रहने हेतु शुभकामनायें प्रेषित की है।

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